मिचेल स्टार्क बने नंबर 1 टेस्ट गेंदबाज, बुमराह का 697 दिन का राज खत्म

ऑस्ट्रेलिया के दिग्गज तेज गेंदबाज मिचेल स्टार्क ने आखिरकार वह मुकाम हासिल कर लिया है, जिसका इंतजार उनके शानदार टेस्ट करियर में लंबे समय से किया जा रहा था। स्टार्क ने जसप्रीत बुमराह को पीछे छोड़ते हुए पहली बार आईसीसी टेस्ट बॉलिंग रैंकिंग में नंबर 1 स्थान हासिल कर लिया है। बांग्लादेश के खिलाफ मैकाय टेस्ट में स्टार्क के जबरदस्त प्रदर्शन ने उन्हें रैंकिंग में दो स्थान की छलांग दिलाई और वह 872 रेटिंग पॉइंट के साथ दुनिया के सर्वश्रेष्ठ टेस्ट गेंदबाज बन गए।
स्टार्क की इस उपलब्धि के साथ जसप्रीत बुमराह का लंबे समय से चला आ रहा दबदबा भी समाप्त हो गया। बुमराह 862 रेटिंग पॉइंट के साथ दूसरे स्थान पर खिसक गए हैं। बुमराह ने अलग अलग कार्यकाल को मिलाकर कुल 697 दिन आईसीसी टेस्ट गेंदबाजी रैंकिंग में नंबर 1 स्थान पर बिताए हैं। यह किसी भारतीय गेंदबाज का सबसे लंबा नंबर 1 कार्यकाल है और टेस्ट क्रिकेट के इतिहास में भी यह बेहद खास उपलब्धि है।
मिचेल स्टार्क का ऐतिहासिक प्रदर्शन
मिचेल स्टार्क के नंबर 1 बनने की सबसे बड़ी वजह बांग्लादेश के खिलाफ मैकाय टेस्ट में उनका विस्फोटक प्रदर्शन रहा। स्टार्क ने मैच की दोनों पारियों में बांग्लादेशी बल्लेबाजों को अपनी तेज रफ्तार और घातक स्विंग से परेशान किया।
पहली पारी में स्टार्क ने छह विकेट हासिल किए। इसके बाद दूसरी पारी में उन्होंने चार और विकेट लेकर मैच में कुल दस विकेट पूरे किए। उनके इस शानदार प्रदर्शन के कारण बांग्लादेश की टीम दोनों पारियों में 100 रन के अंदर सिमट गई। ऑस्ट्रेलिया ने यह मुकाबला पारी और 51 रन से अपने नाम किया।
स्टार्क के लिए यह प्रदर्शन केवल मैच जीतने तक सीमित नहीं रहा। इस शानदार गेंदबाजी ने उनकी आईसीसी टेस्ट रैंकिंग को भी पूरी तरह बदल दिया। दो स्थान की छलांग लगाकर वह सीधे नंबर 1 पर पहुंच गए और 872 रेटिंग पॉइंट के साथ अपने करियर की सबसे बड़ी व्यक्तिगत उपलब्धि हासिल की।
15 साल के करियर में पहली बार नंबर 1
मिचेल स्टार्क ने अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट में लगभग डेढ़ दशक का लंबा सफर तय किया है। इस दौरान वह दुनिया के सबसे खतरनाक तेज गेंदबाजों में शामिल रहे हैं। अपनी रफ्तार, उछाल, स्विंग और यॉर्कर के लिए मशहूर स्टार्क ने टेस्ट क्रिकेट में लगातार प्रभाव छोड़ा है।
इसके बावजूद टेस्ट गेंदबाजी रैंकिंग में नंबर 1 स्थान उनसे हमेशा दूर रहा। उनके करियर की इससे पहले सबसे अच्छी टेस्ट रैंकिंग नंबर 2 थी। लंबे इंतजार के बाद अब 36 वर्ष की उम्र में स्टार्क ने पहली बार दुनिया के शीर्ष टेस्ट गेंदबाज का स्थान हासिल किया है।
उनकी यह उपलब्धि इसलिए भी महत्वपूर्ण है क्योंकि टेस्ट क्रिकेट में उम्र बढ़ने के साथ तेज गेंदबाजों के लिए लगातार उच्च स्तर पर प्रदर्शन करना चुनौतीपूर्ण होता है। लेकिन स्टार्क ने अपने अनुभव और फिटनेस के दम पर खुद को एक बार फिर दुनिया के सबसे प्रभावशाली गेंदबाजों में साबित किया है।
बुमराह का 697 दिन का शानदार शासन
जसप्रीत बुमराह का नंबर 1 से दूसरे स्थान पर खिसकना भारतीय क्रिकेट के लिए बड़ी खबर है। बुमराह ने सात फरवरी 2024 को पहली बार आईसीसी टेस्ट गेंदबाजी रैंकिंग में शीर्ष स्थान हासिल किया था।
बुमराह ने इंग्लैंड के खिलाफ विशाखापट्टनम टेस्ट में नौ विकेट लेकर अपनी दावेदारी मजबूत की थी। उनके शानदार प्रदर्शन के बाद वह टेस्ट गेंदबाजी रैंकिंग में नंबर 1 बनने वाले पहले भारतीय तेज गेंदबाज बने थे।
बुमराह का नंबर 1 पर सफर लगातार 697 दिनों का नहीं रहा। इस दौरान अलग अलग समय पर अन्य गेंदबाजों ने भी शीर्ष स्थान हासिल किया। हालांकि बुमराह के सभी नंबर 1 कार्यकाल को जोड़ने पर उनका कुल समय 697 दिन रहा है।
यह किसी भारतीय गेंदबाज का आईसीसी टेस्ट रैंकिंग में सबसे लंबा नंबर 1 कार्यकाल है। टेस्ट क्रिकेट के इतिहास में भी बुमराह का यह प्रदर्शन उन्हें सबसे लंबे समय तक शीर्ष पर रहने वाले गेंदबाजों की सूची में 14वें स्थान तक पहुंचाता है।
2025 में 907 रेटिंग पॉइंट तक पहुंचे थे बुमराह
जसप्रीत बुमराह ने 2025 में अपनी गेंदबाजी का ऐसा स्तर दिखाया था, जिसने उन्हें टेस्ट क्रिकेट के सबसे प्रभावशाली गेंदबाजों में और मजबूत स्थान दिलाया। ऑस्ट्रेलिया के खिलाफ मेलबर्न टेस्ट में नौ विकेट लेने के बाद जनवरी 2025 में उनके रेटिंग पॉइंट 907 तक पहुंच गए थे।
907 रेटिंग पॉइंट भारतीय गेंदबाजी के इतिहास में एक शानदार उपलब्धि थी। यह किसी भारतीय गेंदबाज का आईसीसी टेस्ट रैंकिंग में सबसे बड़ा रेटिंग स्कोर था।
बुमराह की खासियत केवल विकेट लेना नहीं रही है। वह नई गेंद से स्विंग कराने के साथ पुरानी गेंद से रिवर्स स्विंग और घातक यॉर्कर डालने की क्षमता रखते हैं। यही वजह है कि टेस्ट क्रिकेट में वह भारत के सबसे भरोसेमंद तेज गेंदबाजों में शामिल रहे हैं।
मैट हेनरी ने भी दी थी बुमराह को चुनौती
2026 में बुमराह को नंबर 1 स्थान के लिए न्यूजीलैंड के मैट हेनरी से भी कड़ी चुनौती मिली। जून में हेनरी ने शानदार गेंदबाजी करते हुए 11 विकेट हासिल किए और बुमराह के साथ संयुक्त रूप से नंबर 1 स्थान पर पहुंच गए थे।
हालांकि बुमराह ने इसके बाद फिर से शीर्ष स्थान हासिल कर लिया था। इससे साफ था कि टेस्ट गेंदबाजी रैंकिंग में मुकाबला बेहद रोमांचक हो चुका था। अब स्टार्क के शानदार प्रदर्शन ने इस तस्वीर को एक बार फिर बदल दिया है।
बुमराह की गैरमौजूदगी का स्टार्क को फायदा
बुमराह इस समय श्रीलंका के खिलाफ भारत की जारी वर्ल्ड टेस्ट चैंपियनशिप सीरीज में नहीं खेल रहे हैं। उनकी गैरमौजूदगी में स्टार्क के पास रैंकिंग में बढ़त बनाने का बड़ा मौका था।
स्टार्क ने बांग्लादेश के खिलाफ मैकाय टेस्ट में इसी मौके को शानदार तरीके से भुनाया। दस विकेट लेकर उन्होंने न केवल ऑस्ट्रेलिया को बड़ी जीत दिलाई बल्कि अपनी रैंकिंग में भी जबरदस्त सुधार किया।
आईसीसी रैंकिंग में खिलाड़ियों के प्रदर्शन का असर उनकी रेटिंग पर पड़ता है। ऐसे में बुमराह के मैच से बाहर रहने और स्टार्क के दस विकेट लेने के कारण दोनों के बीच रेटिंग का अंतर बदल गया।
ऑस्ट्रेलियाई गेंदबाजों की रैंकिंग में बड़ी छलांग
मिचेल स्टार्क के नंबर 1 बनने के साथ ऑस्ट्रेलिया के कई अन्य गेंदबाजों को भी आईसीसी रैंकिंग में फायदा मिला है। कप्तान पैट कमिंस एक स्थान ऊपर चढ़कर चौथे नंबर पर पहुंच गए हैं।
बांग्लादेश के खिलाफ दूसरे टेस्ट में कमिंस ने छह विकेट हासिल किए थे। उनकी गेंदबाजी ने ऑस्ट्रेलिया की जीत में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई और इसका फायदा उन्हें रैंकिंग में भी मिला।
ऑस्ट्रेलिया के अनुभवी ऑफ स्पिनर नाथन लायन भी दो स्थान ऊपर चढ़कर टॉप 10 में पहुंच गए हैं। वह अब दसवें नंबर पर हैं। वहीं स्कॉट बोलैंड एक स्थान नीचे खिसककर सातवें नंबर पर पहुंच गए हैं।
इंग्लैंड के गेंदबाजों को भी मिला फायदा
पाकिस्तान के खिलाफ हेडिंग्ले टेस्ट में शानदार प्रदर्शन करने वाले इंग्लैंड के ओली रॉबिन्सन और जोश टंग ने भी आईसीसी रैंकिंग में बड़ी छलांग लगाई है।
दोनों गेंदबाजों ने मिलकर उस टेस्ट में 16 विकेट हासिल किए थे। इस प्रदर्शन का असर उनकी रैंकिंग पर साफ दिखाई दिया। रॉबिन्सन 15 स्थान ऊपर चढ़कर 11वें नंबर पर पहुंच गए हैं।
जोश टंग ने इससे भी बड़ी छलांग लगाई। वह 16 स्थान ऊपर उठकर 17वें नंबर पर पहुंच गए हैं। दोनों गेंदबाजों की यह प्रगति इंग्लैंड के लिए टेस्ट क्रिकेट में सकारात्मक संकेत है।
मानव सुथार ने लगाई 28 स्थान की जबरदस्त छलांग
भारतीय क्रिकेट के लिए रैंकिंग में एक और बड़ी खबर युवा स्पिन गेंदबाज मानव सुथार को लेकर आई है। सुथार ने 28 स्थान की शानदार छलांग लगाई और अब वह 48वें नंबर पर पहुंच गए हैं।
मानव सुथार के पिछले कुछ टेस्ट मुकाबले बेहद प्रभावशाली रहे हैं। अफगानिस्तान के खिलाफ अपने डेब्यू टेस्ट में उन्होंने कुल सात विकेट हासिल किए थे। इसके बाद श्रीलंका के खिलाफ गॉल टेस्ट में सुथार ने दस विकेट लेकर अपनी गेंदबाजी क्षमता का शानदार प्रदर्शन किया।
कोलंबो में खेले जा रहे दूसरे टेस्ट की पहली पारी में भी उन्होंने तीन विकेट हासिल कर लिए हैं। लगातार अच्छे प्रदर्शन के कारण उनकी रैंकिंग में तेजी से सुधार हुआ है।
अगर सुथार इसी तरह प्रदर्शन करते रहे तो आने वाले समय में वह भारतीय टेस्ट टीम के प्रमुख स्पिन विकल्पों में अपनी जगह और मजबूत कर सकते हैं।
ऋषभ पंत की टॉप 10 में शानदार वापसी
टेस्ट बल्लेबाजों की रैंकिंग में भी भारतीय खिलाड़ियों के लिए अच्छी खबर सामने आई है। विकेटकीपर बल्लेबाज ऋषभ पंत ने श्रीलंका के खिलाफ गॉल टेस्ट की दूसरी पारी में तेज अर्धशतक लगाकर छह स्थान की बड़ी छलांग लगाई।
पंत अब संयुक्त रूप से सातवें स्थान पर पहुंच गए हैं। उनके साथ ऑस्ट्रेलिया के मार्नस लाबुशेन भी इसी स्थान पर हैं।
पंत की वापसी उनके आक्रामक बल्लेबाजी अंदाज और बड़े मुकाबलों में प्रभाव छोड़ने की क्षमता को दर्शाती है। टेस्ट क्रिकेट में लंबे समय तक चोट और वापसी के दौर से गुजरने के बाद उन्होंने एक बार फिर अपनी उपयोगिता साबित की है।

शुभमन गिल भी टॉप बल्लेबाजों में शामिल
भारतीय बल्लेबाजी की नई पीढ़ी के प्रमुख चेहरे शुभमन गिल भी टेस्ट बल्लेबाजों की शीर्ष सूची में बने हुए हैं। गिल आठवें स्थान पर हैं और उनकी मौजूदगी भारतीय बल्लेबाजी की मजबूती को दिखाती है।
टेस्ट बल्लेबाजी रैंकिंग में इंग्लैंड के हैरी ब्रूक नंबर 1 पर हैं। जो रूट दूसरे स्थान पर हैं। ऑस्ट्रेलिया के स्टीव स्मिथ तीसरे और ट्रेविस हेड चौथे स्थान पर हैं।
इन शीर्ष बल्लेबाजों के बीच प्रतिस्पर्धा लगातार बढ़ रही है और आने वाले टेस्ट मुकाबलों के परिणाम रैंकिंग में कई बड़े बदलाव ला सकते हैं।
केएल राहुल और दूसरे बल्लेबाजों को भी फायदा
टॉप 10 के बाहर भारतीय बल्लेबाज केएल राहुल ने भी रैंकिंग में सुधार किया है। वह पांच स्थान ऊपर चढ़कर 30वें नंबर पर पहुंच गए हैं।
ऑस्ट्रेलिया के कैमरन ग्रीन नौ स्थान की छलांग लगाकर 21वें नंबर पर पहुंच गए हैं। श्रीलंका के कप्तान धनंजय डी सिल्वा दो स्थान ऊपर चढ़कर संयुक्त रूप से 22वें नंबर पर हैं।
पाकिस्तान के अब्दुल्ला शफीक ने भी सात स्थान की छलांग लगाई और संयुक्त रूप से 27वें नंबर पर पहुंच गए हैं।
रवींद्र जडेजा का ऑलराउंडर रैंकिंग में दबदबा कायम
टेस्ट ऑलराउंडर रैंकिंग में भारत के रवींद्र जडेजा अब भी नंबर 1 पर बने हुए हैं। जडेजा लंबे समय से गेंद और बल्ले दोनों से भारत के लिए महत्वपूर्ण योगदान देते रहे हैं।
उनकी निरंतरता ने उन्हें टेस्ट क्रिकेट के सर्वश्रेष्ठ ऑलराउंडरों में बनाए रखा है। ऑस्ट्रेलिया के पैट कमिंस एक स्थान ऊपर चढ़कर सातवें नंबर पर पहुंच गए हैं।
कैमरन ग्रीन संयुक्त रूप से 17वें और ओली रॉबिन्सन 23वें स्थान पर हैं।
स्टार्क बनाम बुमराह की नई रैंकिंग जंग
मिचेल स्टार्क के नंबर 1 बनने के बाद अब टेस्ट क्रिकेट में दुनिया के दो सबसे चर्चित तेज गेंदबाजों के बीच नई रैंकिंग जंग देखने को मिलेगी। स्टार्क के पास फिलहाल 872 रेटिंग पॉइंट हैं, जबकि बुमराह 862 पॉइंट के साथ दूसरे स्थान पर हैं।
सिर्फ दस रेटिंग पॉइंट का अंतर बताता है कि मुकाबला बेहद करीबी है। बुमराह की वापसी और स्टार्क के आगामी टेस्ट प्रदर्शन इस रैंकिंग को फिर से बदल सकते हैं।
स्टार्क के लिए नंबर 1 स्थान हासिल करना उनके शानदार करियर की एक ऐतिहासिक उपलब्धि है। वहीं बुमराह के लिए यह शीर्ष स्थान दोबारा हासिल करने की चुनौती होगी।
निष्कर्ष
आईसीसी की नई टेस्ट रैंकिंग ने क्रिकेट प्रशंसकों के लिए कई रोमांचक बदलाव सामने रखे हैं। मिचेल स्टार्क ने 15 साल के अंतरराष्ट्रीय करियर में पहली बार नंबर 1 टेस्ट गेंदबाज बनकर इतिहास रच दिया है। बांग्लादेश के खिलाफ दस विकेट का उनका घातक प्रदर्शन इस उपलब्धि की सबसे बड़ी वजह बना।
दूसरी ओर जसप्रीत बुमराह का 697 दिन का कुल नंबर 1 कार्यकाल भारतीय क्रिकेट के लिए बेहद गौरवपूर्ण उपलब्धि है। भले ही वह फिलहाल दूसरे स्थान पर पहुंच गए हैं, लेकिन उनकी वापसी की संभावना पूरी तरह बनी हुई है।
भारतीय क्रिकेट के लिए ऋषभ पंत की टॉप 10 में वापसी, शुभमन गिल की मजबूत स्थिति और मानव सुथार की 28 स्थान की छलांग भी बेहद उत्साहजनक खबर है। रवींद्र जडेजा का ऑलराउंडर रैंकिंग में नंबर 1 पर बने रहना भारत की टेस्ट टीम की बहुआयामी ताकत को दर्शाता है।
अब सबसे बड़ा सवाल यही है कि क्या बुमराह जल्द ही स्टार्क से नंबर 1 का ताज वापस छीन पाएंगे या ऑस्ट्रेलियाई तेज गेंदबाज लंबे समय तक टेस्ट क्रिकेट के बादशाह बने रहेंगे। आने वाले टेस्ट मुकाबले इस रोमांचक रैंकिंग जंग का अगला अध्याय तय करेंगे।
