हिंदुस्तान जिंक का पहली तिमाही में रिकॉर्ड प्रदर्शन, शुद्ध लाभ 145% बढ़कर ₹5,469 करोड़

  • लगातार पांचवें वर्ष पहली तिमाही में 268 किलो टन (KT) का अब तक का सबसे अधिक खनन धातु उत्पादन।
  • जस्ता (जिंक) की उत्पादन लागत घटकर 851 अमेरिकी डॉलर प्रति टन रही, जो पिछले साल की समान तिमाही की तुलना में 16% कम है।
  • परिचालन से ₹13,747 करोड़ की अब तक की सबसे अधिक आय, जो पिछले साल की समान तिमाही की तुलना में 77% अधिक है।
  • वृद्धि से जुड़े पूंजीगत निवेश (Growth Capex) से पहले ₹5,253 करोड़ का मजबूत फ्री कैश फ्लो।
  • कुल बिजली खपत में नवीकरणीय ऊर्जा की हिस्सेदारी बढ़कर 22% हो गई।
  • कर्नाटक के गुंडलुपेट में दुर्लभ मृदा तत्व (Rare Earth Elements – REE) और इट्रियम ब्लॉक की खनन लीज़ प्राप्त हुई।
  • ₹11 प्रति शेयर का पहला अंतरिम लाभांश घोषित किया गया, जिसकी कुल राशि ₹4,648 करोड़ है।
  • रॉयल्टी सहित सरकारी खजाने में लगभग ₹6,450 करोड़ का योगदान दिया।

उदयपुर, 24 जुलाई 2026: दुनिया की सबसे बड़ी एकीकृत जस्ता (जिंक) उत्पादक कंपनी और वैश्विक स्तर पर शीर्ष 10 चांदी उत्पादकों में शामिल हिंदुस्तान जिंक लिमिटेड (बीएसई: 500188 | एनएसई: हिंदजिंक) ने वित्त वर्ष 2026-27 की शुरुआत अब तक के सबसे शानदार पहली तिमाही के प्रदर्शन के साथ की। कंपनी ने परिचालन से ₹13,747 करोड़ का अब तक का सबसे अधिक तिमाही राजस्व दर्ज किया, जो पिछले वर्ष की समान अवधि की तुलना में 77% अधिक है। वहीं, ₹8,074 करोड़ का अब तक का सबसे अधिक तिमाही EBITDA दर्ज किया, जिसमें 109% की वृद्धि हुई। कंपनी का शुद्ध लाभ भी ₹5,469 करोड़ के रिकॉर्ड स्तर पर पहुंचा, जो साल-दर-साल 145% अधिक है। इस मजबूत वित्तीय प्रदर्शन के पीछे पहली तिमाही में अब तक का सबसे अधिक 268 किलो टन (KT) खनन धातु उत्पादन और 851 अमेरिकी डॉलर प्रति टन की अब तक की सबसे कम तिमाही जस्ता उत्पादन लागत रही। यह कंपनी की मजबूत परिचालन क्षमता, प्रभावी लागत प्रबंधन और उद्योग में उसकी प्रतिस्पर्धी बढ़त को दर्शाता है। हिंदुस्तान जिंक ने रिकॉर्ड मुनाफा, मजबूत नकदी प्रवाह और बेहतर मार्जिन दर्ज करते हुए दुनिया के सबसे कम लागत वाले जस्ता उत्पादकों में अपनी स्थिति और मजबूत की है। साथ ही, कंपनी ने दीर्घकालिक विकास के लिए भी मजबूत आधार तैयार किया है।

नेतृत्व में बदलाव:

श्री अमरेंदु प्रकाश बने हिंदुस्तान जिंक के नए CEO और पूर्णकालिक निदेशक

कंपनी के निदेशक मंडल ने श्री अमरेंदु प्रकाश को 1 अगस्त 2026 से हिंदुस्तान जिंक लिमिटेड का सीईओ और पूर्णकालिक निदेशक नियुक्त किया है। श्री अमरेंदु प्रकाश भारत के इस्पात क्षेत्र के अनुभवी उद्योग जगत के नेताओं में से एक हैं और उनके पास तीन दशक से अधिक का अनुभव है। इससे पहले वे 2023 से 2026 तक स्टील अथॉरिटी ऑफ इंडिया लिमिटेड के अध्यक्ष एवं प्रबंध निदेशक रहे।

अपने कार्यकाल के दौरान उन्होंने परिचालन दक्षता, उत्पादन क्षमता के विस्तार, डिजिटल परिवर्तन और संगठन के प्रदर्शन को बेहतर बनाने जैसी कई महत्वपूर्ण पहलों का नेतृत्व किया। उनके नेतृत्व में भारत की सबसे बड़ी इस्पात कंपनियों में से एक SAIL ने कई महत्वपूर्ण उपलब्धियाँ हासिल कीं।

श्री अमित गुप्ता बने हिंदुस्तान जिंक के मुख्य वित्तीय अधिकारी (CFO)

श्री अमित गुप्ता ने 1 जून 2026 से हिंदुस्तान जिंक लिमिटेड के मुख्य वित्तीय अधिकारी (CFO) का कार्यभार संभाला है। चार्टर्ड अकाउंटेंट श्री अमित गुप्ता के पास 20 से अधिक वर्षों का अनुभव है। उन्हें वित्तीय रणनीति, पूंजी प्रबंधन, कारोबार में बदलाव, लागत कम करने और कॉरपोरेट गवर्नेंस के क्षेत्र में गहरी विशेषज्ञता हासिल है। उन्होंने वेदांता समूह की विभिन्न कंपनियों में कई महत्वपूर्ण जिम्मेदारियां निभाई हैं।

ESG की प्रमुख उपलब्धियां:

हमारी ESG पहलें कंपनी के कामकाज को और मजबूत बनाती हैं, जोखिम कम करने में मदद करती हैं और लंबे समय तक बेहतर विकास सुनिश्चित करती हैं। साथ ही, ये हिंदुस्तान जिंक को सतत विकास (Sustainability) के क्षेत्र में मजबूत पहचान दिलाने में भी मदद करती हैं।

  • चंदेरिया के बाद रामपुरा आगुचा खदान भारत की पहली खदान बनी, जिसे Zinc Mark प्रमाणन मिला।
  • पहली बार डाऊ जोन्स बेस्ट इन क्लास (DJBIC) इंडेक्स (उभरते बाज़ार) में शामिल हुई।
  • जिंक स्मेल्टर देबारी में भारत की पहली 250 मीट्रिक टन क्षमता वाली इलेक्ट्रिक क्रेन तैनात की गई।
  • एनवीरो व्हील्स मोबिलिटी प्राइवेट लिमिटेड के साथ मिलकर जिंक स्मेल्टर देबारी में कर्मचारियों के आवागमन के लिए राजस्थान की पहली और सबसे बड़ी 41 इलेक्ट्रिक बसों की शुरुआत की गई।
  • TIME की दुनिया की सबसे सस्टेनेबल कंपनियाँ 2026 की सूची में स्थान मिला।
  • एडवांटेक एसोसिएट्स एलएलपी और एयरो ईगल ऑटोमोबाइल्स प्राइवेट लिमिटेड के साथ हाइड्रोजन ईंधन और अन्य स्वच्छ ऊर्जा समाधानों पर काम करने के लिए समझौता (MoU) किया गया।
  • द एनर्जी एंड रिसोर्सेज इंस्टीट्यूट (TERI) के साथ चंदेरिया लीड जिंक स्मेल्टर में 250 हेक्टेयर क्षेत्र में पर्यावरण संरक्षण परियोजना विकसित करने के लिए समझौता (MoU) किया गया।

हिंदुस्तान जिंक के प्रदर्शन पर टिप्पणी करते हुए, मुख्य कार्यकारी अधिकारी (CEO) श्री अरुण मिश्रा ने कहा:

उन्होंने कहा, “हमने इस साल की शुरुआत शानदार प्रदर्शन के साथ की है। लगातार पांचवें साल पहली तिमाही में 268 किलो टन (KT) का अब तक का सबसे अधिक खनन धातु उत्पादन दर्ज किया है। यह हमारी मजबूत उत्पादन क्षमता और बेहतर कामकाज का परिणाम है। हमारी नई पहलें उत्पादन बढ़ाने में मदद कर रही हैं और दुनिया के सबसे कम लागत वाले जस्ता उत्पादकों में हमारी स्थिति को और मजबूत बना रही हैं। देश में बढ़ते बुनियादी ढांचे के विकास और स्वच्छ ऊर्जा की बढ़ती जरूरत के साथ जस्ता की मांग भी बढ़ रही है। ऐसे में हम जिम्मेदारी के साथ आगे बढ़ते हुए अपने सभी हितधारकों के लिए लंबे समय तक बेहतर मूल्य सृजित करने के लिए प्रतिबद्ध हैं।”

मुख्य वित्तीय अधिकारी (CFO) श्री अमित गुप्ता ने कहा:

हिंदुस्तान जिंक ने इस तिमाही में बेहतरीन प्रदर्शन किया है। कंपनी का शुद्ध लाभ पिछले साल की समान तिमाही की तुलना में 145% बढ़कर रिकॉर्ड ₹5,469 करोड़ रहा। वहीं, EBITDA 109% बढ़कर रिकॉर्ड ₹8,074 करोड़ पर पहुंच गया। यह हमारी बेहतर कार्यप्रणाली, लागत पर नियंत्रण और मजबूत वित्तीय प्रबंधन का नतीजा है। मजबूत वित्तीय स्थिति के दम पर हम लगातार विकास करते हुए अपने सभी हितधारकों के लिए लंबे समय तक बेहतर मूल्य सृजित करने के लिए प्रतिबद्ध हैं।”

Financial Summary

(In ₹ crore or as stated)

Particulars1Q4Q
FY2027FY2026ChangeFY2026Change
Sales1     
Zinc7,3044,93548%6,9974%
Lead1,08687225%1,153(6%)
Silver3,8391,427169%4,032(5%)
Others1,518537183%1,36211%
Total13,7477,77177%13,5441%
EBITDA8,0743,860109%7,7474%
EBITDA Margin59%50%57%
Net Profit (after exceptional items)5,4692,234145%5,0339%
Earnings per Share212.95.3145%11.99%
Mined Metal Production (‘000 MT)2682651%315(15%)
Refined Metal Production (‘000 MT)     
Total Refined Metal (Zinc & Lead)2602504%282(8%)
Zinc2132026%227(6%)
Lead4748(2%)55(14%)
Silver3 (in MT)149149176(16%)
Sales (‘000 MT)     
Lead Concentrate 4, 51012
Total Refined Metal  (Zinc & Lead)2582493%282(9%)
      Zinc2112015%228(7%)
      Lead4748(2%)55(14%)
      Silver (in MT)1491452%176(16%)
Wind Power (in million units)133134(1%)56138%
Zinc CoP ($/MT) 68511,010(16%)903(6%)
Zinc LME ($/MT)3,4662,64131%3,2417%
Lead LME ($/MT)1,9541,9470.4%1,9311%
Silver LBMA ($/oz.)73.233.7117%84.3(13%)
USD-INR (average)94.5885.5711%91.503%

Note: all numbers reported are consolidated numbers unless otherwise mentioned

  1. Including other operating income
  2. ₹, not annualised
  3. Silver occurs in Lead & Zinc ore and is recovered in the smelting and silver-refining processes
  4. Includes silver equivalent of 9 MT in 1QFY27 and 16 MT in 4QFY26
  5. Includes refined lead equivalent of 6 KT in 1QFY27 and 6 KT in 4QFY26
  6. Cost of production (CoP) wherever referred is excluding royalty

वित्तीय प्रदर्शन

परिचालन से आय:

  • परिचालन से कंपनी की आय इस तिमाही में ₹13,747 करोड़ रही, जो पिछले साल की समान तिमाही की तुलना में 77% अधिक है। यह बढ़ोतरी धातुओं की बेहतर कीमत, अधिक उत्पादन, लेड कॉन्सन्ट्रेट की बिक्री, सह-उत्पादों से अधिक आय और डॉलर के मजबूत होने के कारण हुई।

EBITDA:

  • इस तिमाही में EBITDA ₹8,074 करोड़ रहा, जो पिछले साल की समान तिमाही की तुलना में 109% अधिक है। यह बढ़ोतरी अधिक उत्पादन, धातुओं की बेहतर कीमत, कम उत्पादन लागत, लेड कॉन्सन्ट्रेट की बिक्री और डॉलर के मजबूत होने के कारण हुई।
  • कंपनी ने इस तिमाही में लगभग 59% का उद्योग में अग्रणी EBITDA मार्जिन बनाए रखा, जो पिछले साल की समान तिमाही की तुलना में लगभग 9 प्रतिशत अंक अधिक है।  

शुद्ध लाभ:

  • इस तिमाही में कंपनी का शुद्ध लाभ ₹5,469 करोड़ रहा, जो पिछले साल की समान तिमाही की तुलना में 145% अधिक है। यह रिकॉर्ड EBITDA के अनुरूप रहा। इस तिमाही में कंपनी की प्रभावी कर दर (Effective Tax Rate) 25.23% रही।

जस्ता (जिंक) उत्पादन लागत:

  • रॉयल्टी को छोड़कर इस तिमाही में जस्ता उत्पादन लागत 851 अमेरिकी डॉलर प्रति टन रही, जो पिछले साल की समान तिमाही के मुकाबले 16% कम है। यह सुधार बेहतर गुणवत्ता वाले अयस्क, अधिक उत्पादन, नवीकरणीय ऊर्जा के बढ़ते उपयोग और सह-उत्पादों से अधिक आय के कारण हुआ। हालांकि, घरेलू कोयले का कम उपयोग और कच्चे माल की बढ़ी हुई कीमतों का कुछ असर भी देखने को मिला।

नकदी और निवेश:

30 जून 2026 तक कंपनी के पास ₹12,892 करोड़ की नकदी और निवेश उपलब्ध थे। वहीं, कंपनी पर कुल ₹7,320 करोड़ का कर्ज था। यह कंपनी की मजबूत वित्तीय स्थिति को दर्शाता है।

  • कंपनी को CRISIL की ओर से लगातार AAA निवेश-ग्रेड क्रेडिट रेटिंग मिली हुई है, जो उसकी मजबूत वित्तीय स्थिति और भरोसेमंद बैलेंस शीट को दर्शाती है।

सरकारी खजाने में योगदान

इस तिमाही में कंपनी ने सरकारी खजाने में लगभग ₹6,450 करोड़ का योगदान दिया। इसमें राजस्थान सरकार को लगभग ₹1,700 करोड़ का योगदान भी शामिल है, जिसमें खनन रॉयल्टी भी शामिल है।

परियोजना अपडेट:

  • 510 KTPA उर्वरक (फर्टिलाइज़र) संयंत्र का काम तेजी से चल रहा है और इसके वित्त वर्ष 2027 की दूसरी तिमाही तक पूरा होने की उम्मीद है।
  • दरिबा में स्मेल्टिंग से निकलने वाले अपशिष्ट से सीसा (Lead) और चांदी (Silver) की रिकवरी के लिए विकसित की जा रही हॉट एसिड लीचिंग तकनीक का काम भी वित्त वर्ष 2027 की दूसरी तिमाही तक पूरा होने की उम्मीद है।
  • देबारी में 250 KTPA परिष्कृत जस्ता (Refined Zinc) क्षमता विस्तार परियोजना पर इंजीनियरिंग और उपकरणों की खरीद का काम जारी है। खदान विकास का कार्य भी शुरू हो चुका है। इसके वित्त वर्ष 2029 की दूसरी तिमाही तक पूरा होने की उम्मीद है।
  • रामपुरा आगुचा में भारत के पहले 10 MTPA टेलिंग्स री-प्रोसेसिंग प्लांट का काम योजना के अनुसार आगे बढ़ रहा है। प्रमुख उपकरणों के ऑर्डर दिए जा चुके हैं और निर्माण कार्य शुरू हो गया है। इसके वित्त वर्ष 2028 की चौथी तिमाही तक पूरा होने की उम्मीद है।

नोट:

रॉयल्टी को छोड़कर जस्ता (जिंक) की तिमाही उत्पादन लागत भूमिगत खनन के बाद अब तक के सबसे निचले स्तर पर रही।

Share This Post

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *